मानवीय सरोकारों से ओत-प्रोत थे राजीव
पिचहत्तर बरस का भारत/भाग-120 वर्ष 1987 में देश के 21 राज्यों में भारी सूखा पड़ा था। राजीव सरकार ने इस सूखे से निपटने के लिए व्यापक स्तर पर राहत पहुंचाने … Read More
पिचहत्तर बरस का भारत/भाग-120 वर्ष 1987 में देश के 21 राज्यों में भारी सूखा पड़ा था। राजीव सरकार ने इस सूखे से निपटने के लिए व्यापक स्तर पर राहत पहुंचाने … Read More
भारतीय समाज के ताने-बाने को बिगाड़ने को लेकर जिस तरह की हरकतें पिछले कुछ वर्षों से की जा रही हैं, वैसा शायद आजादी के बाद अब तक नहीं हुई थी। … Read More
जब से अभिनेत्री राखी सावंत ने आदिल खान संग शादी की है तब से वे लगातार सुर्खियों में हैं। राखी-आदिल का विवाद अब इतना बढ़ गया है कि मीडिया के … Read More
लंबे समय से भाजपा सांसद वरुण गांधी बेरोजगारी, अग्निवीर योजना, किसान आंदोलन आदि मुद्दों को लेकर अपनी ही सरकार को घेरते रहे हैं। इस बीच वरुण एक बार फिर से … Read More
पिचहत्तर बरस का भारत/भाग-36 गांधी विभाजन की आशंका से किस कदर हताश और निराश थे और कांग्रेस ने उन्हें कितना अकेला छोड़ दिया था इसे उस दौर में गांधी की … Read More
पिचहत्तर बरस का भारत/भाग-14 पांच फरवरी, 1922 के दिन ‘चौरी चोरा’ में हुई भारी हिंसा से विचलित महात्मा गांधी ने असहयोग आंदोलन को स्थगित करने का मन बना लिया था। … Read More
उत्तराखण्ड में युवा नेता पुष्कर सिंह धामी पर भाजपा नेतृत्व का दांव सफल रहा। हालांकि धामी भारी भितरघात के चलते खुद का चुनाव हार गए, उनकी धुआंधार बैटिंग ने भाजपा … Read More