यदि आज कांशीराम होते तो …1
मेरी बात जल्दी जल्दी पैर बढ़ाओ, आओ आओ आज अमीरों की हवेली किसानों की होगी पाठशाला धोबी, पासी, चमार, तेली खोलेंगे अंधेरों का ताला, एक पाठ पढ़ेंगे, टाट बिछाओ। -सूर्यकांत … Read More
मेरी बात जल्दी जल्दी पैर बढ़ाओ, आओ आओ आज अमीरों की हवेली किसानों की होगी पाठशाला धोबी, पासी, चमार, तेली खोलेंगे अंधेरों का ताला, एक पाठ पढ़ेंगे, टाट बिछाओ। -सूर्यकांत … Read More