पीएम की चुप्पी टूटने के मायने
हम दो-हमारे दो शायर कफ़ील आज़र अमरोही की नज़्म जिसे जगजीत सिंह ने स्वर दिया था – ‘बात निकलेगी तो फिर दूर तलक जाएगी, लोग बेवज़ह उदासी का सबब पूछेंगे।’ … Read More
हम दो-हमारे दो शायर कफ़ील आज़र अमरोही की नज़्म जिसे जगजीत सिंह ने स्वर दिया था – ‘बात निकलेगी तो फिर दूर तलक जाएगी, लोग बेवज़ह उदासी का सबब पूछेंगे।’ … Read More
आगामी आम चुनाव को लेकर पार्टियों में नेताओं की एक दूसरी पार्टियों में आवागमन का खेल शुरू हो गया है। पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की बेटी शर्मिष्ठा मुखर्जी की कुछ … Read More