किधर है सिंधिया की सियासत का रुख
हाल ही में मध्यप्रदेश के कांग्रेस पार्टी के दिग्गज नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अपने टिवटर अकांउट से कांग्रेस का नाम हटाकर अपने आपको सोशल वर्कर लिख दिया था। तभी से राजनीति में कयास लगना शुरू हो गये कि सिंधिया और कांग्रेस पार्टी के बीच काफी मतभेद आ चुके हैं। वहीं अब उनके समर्थक विधायक ने दावा किया है कि जल्द ही सिंधिया कोई नई पार्टी बना सकते हैं। अगर ऐसा होता है तो कांग्रेस पार्टी के लिए ये बहुत बड़ा झटका होगा।
जहां एक तरफ महाराष्ट्र में बीते एक महीने से उथल-पुथल चल रही थी और अन्तत: शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी मिलकर सरकार बना रही हैं। वहीं मध्य प्रदेश में भी तख्ता पलट होने के आसार नजर आ रहे हैं। सिंधिया के समर्थक विधायक सुरेश राठखेड़ा के बयान के बाद ये हलचल काफी तेज हो गयी है। बताया जा रहा है कि जबसे लोकसभा चुनाव सम्पन्न हुआ है तभी से पार्टी संगठन को लेकर सिंधिया और कांग्रेस आलाकमान के बीच नाराजगी चल रही है।
शिवपुरी जिले की पोहारी से विधायक सुरेश राठखेड़ा का कहना है कि उन्हे ऐसा लगता तो नहीं कि श्रीमंत महाराज साहब (ज्योतिरादित्य सिंधिया) कांग्रेस छोड़ेंगे। लेकिन अगर वह कांग्रेस छोड़ते हैं तो दूसरी पार्टी में कभी नही शामिल होंगे। ऐसी परिस्थितियां आती हैं तो वह अपनी नई पार्टी बना सकते हैं। विधायक ने यह भी कहा कि मध्यपद्रेश में सिंधिया की एक अलग ताकत है, उन्हे लोग पसंद करते हैं। अगर वो पार्टी बनाते हैं तो पहले मैं ज्वॉइन करूंगा। हालांकि पार्टी मेंरे लिए सर्वोच्च है, लेकिन सिंधिया साहब पार्टी से पहले आते हैं। आज मैं जो कुछ भी हूं वो सब उनकी बदौलत ही है।
