राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित बच्चों से पीएम मोदी ने की मुलाकात   

शुक्रवार 24 जनवरी 2020 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रीय बाल पुरस्कार पाने वाले बच्चों से मुलाकात की। मुलाकात के दौरान मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि ये सारे अवॉर्ड्स आखिरी पड़ाव नहीं हैं, यह एक प्रकार से जिंदगी की शुरुआत है। आपने मुश्किल परिस्थितियों से लड़ने का साहस दिखाया है। इससे पहले इन बच्चों को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद विभिन्न क्षेत्रों में पुरस्कार दे चुके हैं।

पीएम मोदी ने कहा कि जब आप सभी बच्चों की वीरता के बारे में बताया जा रहा था, तो मैं सच में हैरान था। इतनी कम आयु में जिस तरह से आप सभी ने अलग-अलग क्षेत्रों में जो प्रयास किए, जो काम किया है, वो अदभुत है। इतनी कम आयु में जिस प्रकार आप सभी ने अलग-अलग क्षेत्रों में कुछ करके दिखाया है,वो बहुत ही गर्व की बात है।

पीएम ने कहा कि आप सब कहने को तो बहुत छोटी आयु के हैं, लेकिन आपने जो काम किया है उसको करने की बात तो छोड़ दीजिए, उसे सोचने में भी बड़े-बड़े लोगों के पसीने छूट जाते हैं।  आप जैसे बच्चों के भीतर छिपी प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के लिए ही इन राष्ट्रीय पुरस्कारों का दायरा बढ़ाया गया है।

हर साल गणतंत्र दिवस, 26 जनवरी के ख़ास मौके पर पहले वीर बच्‍चों को सम्‍मानित किया जाता है। इसकी शुरुआत वर्ष 1957 में ‘भारतीय बाल कल्याण परिषद’ ने की थी। इस सम्‍मान के तौर पर एक पदक, प्रमाण पत्र और नकद राशि दी जाती है। इस पुरस्‍कार के तहत सामान्य सम्मान भी दिया जाता है। इसके अंतर्गत प्रत्येक को 20-20 हजार रुपये की राशि प्रदान की जाती है।