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NIA ने निलंबित DSP देविंदर सिंह सहित 6 आरोपियों के खिलाफ दायर किया चार्जशीट

जम्मू-कश्मीर पुलिस के निलंबित डीएसपी देविंदर सिंह सहित छह आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने सोमवार को चार्जशीट दायर की। अधिकारियों ने बताया कि देविंदर सिंह के अलावा चार्जशीट में प्रतिबंधित आतंकी संगठन हिज्बुल मुजाहिदीन के कमांडर सैयद नवीद मुश्ताक उर्फ नवीद बाबू, संगठन के कथित भूमिगत कार्यकर्ता इरफान शफी मीर और इसके सदस्य रफी अहमद राठेर का भी नाम शामिल है।

इसके अलावा कारोबारी तनवीर अहमद वानी और नवीद बाबू के भाई सैयद इरफान अहमद को भी नामजद किया गया है। बता दें कि देविंदर सिंह को जनवरी में गिरफ्तार किया गया था। उनपर कश्मीर घाटी में आतंकियों का साथ देने का आरोप है।

उन्हें आतंकी नावीद बाबू, रफी अहमद राठेर को भागने में मदद करते हुए पकड़ा गया था। इसके अलावा सिंह पर सुरक्षित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों के जरिए पाकिस्तान उच्चायोग के अधिकारियों के साथ संपर्क स्थापित करने का भी आरोप है।

एनआईए ने आरोपपत्र में कहा कि पाकिस्तान उच्चायोग के अधिकारी इरफान शफी मीर के लगातार संपर्क में थे, जो एक वकील होने का दावा करता है। राष्ट्र-विरोधी सेमिनार आयोजित करने के लिए वह जम्मू-कश्मीर में पैसे मुहैया कराता है।

आरोप पत्र में कहा गया है कि मीर नई दिल्ली में पाकिस्तान उच्चायोग से निर्देश और पैसा लेता था। आरोप पत्र के मुताबिक, आरोपी हिजबुल मुजाहिदीन और पाकिस्तानी राज्य एजेंसियों की तरफ से भारत के विरुद्ध हिंसक कार्रवाई करने के लिए रची गई साजिश का हिस्सा थे। अधिकारियों ने कहा कि चार्जशीट में 3,017 मौखिक और दस्तावेजी साक्ष्य शामिल हैं।

गौरतलब है कि देविंदर सिंह को पिछले महीने ही दिल्ली की एक अदालत ने जमानत दे दी थी। क्योंकि दिल्ली पुलिस ने निर्धारित 90 दिन में चार्जशीट दायर नहीं कर पाई थी। जबकि दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल (एंटी टेटर यूनिट) ने अपराधिक साजिश, देश विरोधी गतिविधियों का आरोप लगाते हुए केस दर्ज किया था।

देविंदर को जमानत मिल जाने के बावजूद जेल में रहना पड़ा क्योंकि हिज्बुल मुजाहिद्दीन के आतंकवादियों को गाड़ी में ले जाने के केस में एनआईए जांच भी चल रही है। वहीं एनआईए ने ट्वीट कर बताया था कि जांच तेजी से चल रही है और जुलाई के पहले सप्ताह में चार्जशीट दायर की जाएगी। दूसरी ओर देविंदर को जमानत मिलने पर विपक्ष ने काफी विरोध जताया था।

बता दें कि देविंदर सिंह को गैर-कानूनी गतिविधि रोकथाम कानून (यूएपीए) के तहत 11 जनवरी को दो आतंकियों के साथ पकड़ा था। जम्मू-कश्मीर पुलिस ने कार से एक एके-47 राइफल, तीन पिस्टल, पांच ग्रेनेड सहित हथियार बरामद किए थे। बाद में एनआईए ने जम्मू-कश्मीर पुलिस से जांच अपने हाथ में ले लिया था। वहीं एक अधिकारी ने बताया है कि देविंदर ने पूछताछ के दौरान कहा है कि मेरी मति मारी गई थी।