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PM मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए रखी मणिपुर वाटर सप्लाई प्रोजेक्ट की आधारशिला

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार सुबह को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मणिपुर वाटर सप्लाई प्रोजेक्ट की आधारशिला रखी। यह कार्यक्रम इंफाल में हुई। जिसमें मणिपुर की गर्वनर नजमा हेपतुल्ला, मुख्यमंत्री एन बिरेन सिंह और उनके कैबिनेट के अन्य सदस्य, सांसद और विधायक शामिल हुए। इम्फाल योजना क्षेत्र के 16 जिलों में 2,80,756 घरों को कवर करते हुए 25 कस्बों और 1,731 ग्रामीण बस्तियों में घरेलू नल कनेक्शन प्रदान करने के लिए डिजाइन किया गया है। यानी 2024 तक राज्य के हर घर में शुद्ध पानी पहुंचाने का लक्ष्य है। इस प्रोजेक्ट की लागत लगभग 3 हजार करोड़ रुपये है। केंद्र ने ‘जल जीवन’ मिशन के तहत मणिपुर को फंड मुहैया कराई है।

सरकार ने अपने एक बयान में कहा है, “मणिपुर जल आपूर्ति परियोजना 2024 तक हर घर जल के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए राज्य सरकार के प्रयासों का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। परियोजना का परिव्यय न्यू डेवलपमेंट बैंक द्वारा वित्तपोषित ऋण के साथ लगभग 3,054.58 करोड़ रुपये है।” इस प्रोजेक्ट के लिए केंद्र सरकार ने मणिपुर को फंड दिया है जिससे 1 लाख 42 हजार 7 सौ 49 घरों व 1 हजार 1 सौ 85 बस्तियों के लिए घरेलू नल कनेक्शन में वाटर सप्लाई आसानी से हो सके। बता दें कि इस प्रोजेक्ट में आने वाले खर्च का एक हिस्सा न्यू डेवलपमेंट बैंक से कर्ज के तौर पर लिया गया है।

वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कार्यक्रम में कहा, “आज का यह कार्यक्रम, इस बात का उदाहरण है कि कोरोना के इस संकट काल में भी देश रुका नहीं है, देश थमा नहीं है। जब तक वैक्सीन नहीं आती, जहां कोरोना के खिलाफ हमें मजबूती से लड़ते रहना है। इस बार तो पूर्वी और उत्तर पूर्वी भारत को एक तरह से दोहरी चुनौतियों से निपटना पड़ रहा है। नार्थ ईस्ट में फिर इस साल भारी बारिश से बहुत नुकसान हो रहा है। अनेक लोगों की मृत्यु हुई है, अनेक लोगों को अपना घर छोड़ना पड़ा है।”

प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा, “रोडवेज, हाइवे, एयरवेज, वाटरवेज ओर आइवेज (i-ways) के साथ-साथ गैस पाइपलाइन का भी आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर नॉर्थ ईस्ट में बिछाया जा रहा है। बीते 6 साल में पूरे नॉर्थ ईस्ट के इंफ्रास्ट्रक्चर पर हजारों करोड़ रुप का निवेश किया गया है।”

उन्होंने कहा, “मणिपुर में कोरोना संक्रमण की गति और दायरे को नियंत्रित करने के लिए राज्य सरकार दिन रात जुटी हुई है। लॉकडाउन के दौरान मणिपुर के लोगों के लिए ज़रूरी इंतज़ाम हों, या फिर उनको वापस लाने के लिए विशेष प्रबंध, राज्य सरकार ने हर जरूरी कदम उठाए हैं। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत मणिपुर के करीब 25 लाख गरीब भाई-बहनों को मुफ्त अनाज मिला है। इसी तरह डेढ़ लाख से अधिक बहनों को उज्जवला योजना के तहत मुफ्त गैस सिलेंडर की सुविधा दी गई है। आज इंफाल सहित मणिपुर के लाखों साथियों के लिए, विशेषतौर पर हमारी बहनों के लिए बहुत बड़ा दिन है। लगभग 3 हज़ार करोड़ रुपए की लागत से पूरे होने वाले मणिपुर वॉटर सप्लाई प्रोजेक्ट से यहां के लोगों को पानी की दिक्कतें कम होनी वाली हैं।”