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पायलट को गहलोत ने बताया निकम्मा और नकारा, लगाया BJP से मिल षड्यंत्र रचने का आरोप

राजस्थान में राजनीतिक संकट के बीच मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मीडिया से बात करते हुए सचिन पायलट पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा है कि इतिहास में कभी ऐसा नहीं हुआ होगा कि पार्टी का प्रदेशाध्यक्ष ही अपनी पार्टी की सरकार को गिराने में लगा रहा हो। इसके साथ ही उन्होंने सचिन पायलट को निकम्मा और नकारा बताया।

अशोक गहलोत ने मीडिया से बात करने के दौरान कहा, “सचिन पायलट भाजपा के समर्थन से पिछले 6 महीने से षड्यंत्र रच रहे हैं। मुझपर कोई भरोसा नहीं करता था जब मैं कहता था कि सरकार को गिराने की कोशिश की जा रही है। कोई नहीं जानता था कि इतनी भोली सूरत वाला व्यक्ति ऐसा कुछ कर सकता है। मैं यहां सब्जी नहीं बेच रहा हूं। मैं मुख्यमंत्री हूं।”

उन्होंने आगे कहा, “पूरा खेल भाजपा खेल रही है, सबको मालूम है। एक छोटी खबर भी नहीं पढ़ी होगी किसी ने कि पायलट साहब को कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष के पद से हटाना चाहिए। हम जानते थे कि वो (सचिन पायलट) निकम्मा है, नकारा है, कुछ काम नहीं कर रहा है खाली लोगों को लड़वा रहा है।”

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा, “सचिन पायलट ने जिस रूप में खेल खेला वो बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। किसी को यकीन नहीं होता कि यह व्यक्ति ऐसा कर सकता है। मासूम चेहरा, हिंदी-इंग्लिश पर अच्छी कमांड और पूरे देश की मीडिया को इम्प्रेस कर रखा है।”

वहीं इस सियासी घमासान के बीच फेयरमाउंट होटल में ठहरे कांग्रेस के विधायकों के बारे में उन्होंने कहा, “हमारे विधायक बिना किसी पाबंदी के रुके हुए हैं लेकिन उन्होंने विधायकों को बंदी बना रखा है। वो लोग हमें फोन कर अपनी दशा बताकर रो रहे हैं। उनके व्यक्तिगत फोन को छीन लिया गया है। उनमें से कुछ हमारे साथ आना चाहते हैं।”

गौरतलब है कि कांग्रेस विधायक दल की बैठक में सचिन पायलट को बार-बार कहने के बावजूद बैठक में शामिल न होने के बाद कांग्रेस ने सचिन पायलट और उनके करीबी दो मंत्रियों को पद से हटा दिया था। जिसके बाद पायलट खेमा राजस्थान हाईकोर्ट पहुंचा है। वहीं सोमवार को हाईकोर्ट में सुनवाई जारी है। बता दें इस मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस इंद्रजीत महंती और जस्टिस प्रकाश गुप्ता कर रहे हैं।