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चीन का आरोप, अमेरिकी सेना ने कोरोना वायरस को लाकर वुहान शहर में छोड़ा

कोरोना वायरस के कारण पूरी दुनिया में हाहाकार मचा हुआ है। भारत में अब तक 76 लोग कोरोना संक्रमण से जूझ रहे हैं। वहीं कर्नाटक में एक व्यक्ति की मौत हो गई है। इस जानलेवा वायरस के तेजी से प्रसार को लेकर अमेरिका और चीन में जुबानी जंग शुरू हो गई है। दोनों देशों के बीच जारी वाक् युद्ध के दौरान एक चौका देने वाला बयान सामने आया है। चीन ने कहा है कि अमेरिका ही कोरोना वायरस वुहान लेकर आई है।

चीन के एक अधिकारी ने आरोप लगाया कि संभवत: अमेरिेकी सेना ही कोरोना वायरस वुहान लेकर आयी है। गुरुवार को चीन के सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स ने अपनी खबर में लिखा कि सूचनाओं के अनुसार, अमेरिकी रोग नियंत्रण एवं रोकथाम केन्द्र (CDC) के निदेशक रॉबर्ट रेडफिल्ड ने यह माना है कि फ्लू के कुछ मरीजों की पहचान में संभवत: गलती हुई है और वे कोरोना वायरस से ग्रस्त थे।

छपे खबर में कहा गया है, “यह जानलेवा वायरस अमेरिका में फैलता जा रहा है लेकिन अमेरिकी सरकार की प्रतिक्रिया में खामियों के संकेत दिख रहे हैं, इसमें महामारी से जुड़ी सूचनाओं को छुपाने का प्रयास, सामान्य फ्लू और कोरोना वायरस में फर्क नहीं कर पाने में संभावित असफलता, नस्लवाद से प्रेरित बयानों के साथ दूसरों पर दोष मढ़ने की कोशिश। खबर में ये भी कहा गया कि अमेरिकी सरकार ने महामारी से जुड़ी खबरों को छिपाने की कोशिश की।

जिसपर रेडफिल्ड की टिप्पणियों का हवाला देते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्तता जाओ लिजिआन ने आरोप लगाया कि संभवत: अमेरिकी सेना ही कोविड-19 को वुहान लेकर आई है। चीन में इस वायरस के संक्रमण से सबसे ज्यादा प्रभावित हुबेई प्रांत का वुहान शहर ही है। अमेरिका और चीन के इस जुबानी हमले से मामला और तेज हो सकते हैं। हालांकि, अमेरिकी सरकार की तरफ से जो भी जुबानी प्रतिक्रिया दी जा रही है उसमें खामियों साफ दिख रही है।