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पहलू खान मामले में दो नाबालिग दोषी करार, 7 अप्रैल को सजा पर होगी सुनवाई

पहलू खान को 2017 में भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। अलवर स्थित किशोर न्याय बोर्ड ने इस मामले में दो नाबालिग आरोपियों को दोषी करार दिया है। किशोर न्याय बोर्ड की प्रिंसिपल मैजिस्ट्रेट सरिता धाकड़ ने गुरुवार को दोनों आरोपियों को दोषी करार दिया। पहलू खान मॉब लिंचिंग की अगली सुनवाई 7 अप्रैल को होगी और उसी दिन सजा तय किया जाएगा।

अरोपी पक्ष का कहना है कि कोर्ट ने चश्मदीद के बयान के बगैर ही ये फैसला सुनाया। अभियुक्तों के वकील ने इस पर नाराजगी जाहिर की है। सजा सुनाए जाने से पहले सभी गवाहों के बयान दर्ज कराने के लिए 12 मार्च को अदालत में अर्जी लगाई जाएगी।असद हयात ने बताया कि पहलू हत्या मामले में पुलिस ने नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिनमें से 6 को अदालत ने बरी कर दिया था। जबकि 16 वर्ष से कम आयु के एक आरोपी और 17 वर्ष के दूसरे आरोपी पर जिला सत्र पोक्सो कोर्ट में ट्रायल चल रहा था।

जयपुर के पुलिस महानिरीक्षक एस सेंगाथिर ने बताया, “बोर्ड ने दो नाबालिगों को दोषी करार दिया। दोनों को शनिवार को सजा सुनाई जाएगी।” 55 वर्षीय पहलू खान पेशे से पशु पालक थे। वहीं पिछले साल अगस्त में अलवर की निचली अदालत ने मामले के 6 आरोपियों को बरी कर दिया था और इस प्रकार मामले में यह पहली दोषसिद्धी है।

निचली अदालतों से विपिन यादव, रविंदर कुमार, कुल्लूराम, दयानन्द, योगेश कुमार और भीम राठी को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया गया था। उसके बाद राज्य सरकार ने अक्टूबर में उच्च न्यालाय का दरवाजा खटखटाया था। 1 अप्रैल, 2017 को पहलू खान अपने दो बेटे और कुछ अन्य लोग जयपुर से कुछ गायों को ला रहे थे, तब अलवर के बेहरोर में कथित गोरक्षकों ने उन्हें रोका और पिटाई की। घायल पहलू खान की तीन अप्रैल को अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी।