हरियाणा विधानसभा चुनाव में जहां एक तरफ भाजपा का प्रदर्शन उम्मीद से कमतर रहा वहीं बहुजन समाज पार्टी को भी भारी झटका लगा है। बसपा का कोर दलित वोट बैंक इस बार कांग्रेस के खाते रहा। 2014 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का वोट शेयर मात्र 20.50 प्रतिशत था और उसे 15 सीटें मिली थी। इस बार 31 सीटें और 28.10 प्रतिशत वोट शेयर के साथ कांग्रेस का प्रदर्शन दमदार रहा। दूसरी तरफ बसपा ने 90 में से 87 सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े किए, लेकिन सभी की जमानत जब्त हो गई। बसपा का मात्र 4.11 प्रतिशत वोट शेयर रहा। खिसियानी बिल्ली खंबा नोचे की तर्ज पर बसपा प्रमुख ने हार का ठीकरा कांग्रेस पर फोड़ा है। राजस्थान में पार्टी के सभी विधायकों का कांग्रेस में चले जाना एक अन्य कारण है जिसके चलते बहिन जी के लिए भाजपा से ज्यादा बड़ी दुश्मन इन दिनों कांग्रेस हो चली है।
बसपा का घटता जनाधार

