[gtranslate]
Country

अखिलेश यादव पर BJP का पलटवार, कहा अखिलेश जी अनपढ़ों की तरह बात मत करिए

अखिलेश यादव पर BJP का पलटवार, कहा अखिलेश जी अनपढ़ों की तरह बात मत करिए

अभी कोरोना वायरस से पूरे देश में लॉकडाउन लगा हुआ है। जिसे लेकर अब इस पर राजनीति भी होने लगी है। अब इसे लेकर आरोप-प्रतिरोप की राजनीति शुरू हो गई है। कल मुंबई में हजारों लोगों के सड़कों पर उतर आने पर समाजवादी पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ट्वीट कर भाजपा सरकार को घेरने की कोशिश की थी। जिसके बाद भाजपा के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्रदेव सिंह ने भी पलटवार किया।

स्वतंत्रदेव सिंह ने अखिलेश यादव को अनपढ़ों जैसी बातें न करने और राजनीति छोड़कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के साथ सहभागी बनने की सलाह दे दी। दरअसल, मंंगलवार 14 अप्रैल को मुंबई की सड़कों पर प्रवासी मजदूर अपने घर लौटने की मांग करते हुए हजारों की संख्या में जमा हो गए। जिससे लॉकडाउन का अनुशासन ही ध्वस्त हो गया। इसी मुद्दे पर समाज वादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भाजपा सरकारों को घेरने की कोशिश में ट्वीट के जरिए तंज कसा था।

अखिलेश यादव ने ट्वीट में लिखा, “मुंबई में हजारों लोगों के सड़कों पर आकर घर लौटने की मांग को देखते हुए उत्तर प्रदेश की सरकार तुरंत नोडल अधिकारी नियुक्त करे और केंद्र के साथ मिलकर महाराष्ट्र व अन्य राज्यों में फंसे प्रदेश के लोगों को निकाले। सरकार जब अमीरों को जहाज से विदेशों से ला सकती है तो गरीबों को ट्रेनों से क्यों नहीं लाया जा सकता है।”

इसके जवाब में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्रदेव सिंह ने ट्वीट में लिखा, “अनपढ़ों की तरह बात मत करिए अखिलेश जी, दूसरे राज्यों में रह रहे उत्तर प्रदेश के लोगों के लिए नोडल अधिकारियों की नियुक्ति पहले ही हो चुकी है। उन अधिकारियों के नंबर जारी किए जा चुके हैं। रोज यूपी के मुख्य सचिव उन अधिकारियों से बात करते हैं। सभी नोडल अधिकारी उन राज्यों में रहने वाले यूपी के लोगों के संपर्क में हैं, उनकी मदद कर रहे हैं। आप राजनीति छोड़िए और कोरोना से संघर्ष में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के साथ सहभागी बनिए।”

इसमें उन्होंने नोडल अधिकारियों की सूची भी टैग की थे। कल मुंबई का बांद्रा इलाके में फैलाई गई एक अफवाह के तहत हजारों प्रवासी मजदूर अपने घरों को जाने के लिए बांद्रा रेलवे स्टेशन पर पहुंच गए थे। इसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज करके प्रवासी मजदूरों को वापस कर दिया था।

You may also like